अमेज़न के फाउंडर जेफ्फ बेज़ोस की सफलता और संघर्ष की कहानी:


आज हम बात करेंगे सबसे बड़ी इ-कॉमर्स कंपनी Amazon के Founder और CEO, JEFF BEZOS के संघर्ष और सफलता की कहानी।

हम यहाँ जानेंगे की कैसे उन्होंने एक अनोखे बिज़नेस आईडिया को दुनिया के कोने कोने में फैला कर दुनिया के सर्वोच्च अमीर व्यक्ति बनने जैसा कीर्तिमान किया.

मुझे पूर्ण विश्वास है की आपको ये पोस्ट पढ़कर बहुत ही प्रेरणा मिलेगी तो ध्यान पूर्वक और अंत तक पढ़े ये पोस्ट ।

तो चलिए जानते है इनके जीवन को करीब से।

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JEFF BEZOS प्रारंभिक जीवन :

  • जेफ्फ बेज़ोस जिनका पूरा नाम जेफरी प्रेस्टन जेफ्फ बेज़ोस है।
  • इनका जन्म 12 जनवरी 1964 को अमेरिका के Albuquerque New Maxico में हुआ।
  •  जेफ्फ के जन्म के वक्त इनकी माता जिनका नाम “JACKLYN” एक नाबालिक लड़की थी।
  • इनके पिता (Biological Father) नाम “TED JORGENSEN” बचपन में ही जेफ्फ और उनकी माता को अकेले छोड़कर चले जाते है  
  • जब जेफ्फ 4 साल के थे तो उनकी माता ने “MIKE BEJOS” से  दूसरी शादी की और इन्ही का नाम जेफ्फ बेजोस को मिला।
  • जब जेफ्फ के पिता इनको बचपन में छोड़कर चले गए तो इनके दादा जी ने इनका लालन पालन और पोषण किया।
  • इन्होने अपना स्नातक प्रिंस्टन यूनिवर्सिटी के कंप्यूटर साइंस और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग शाखा से 1986 में पूरा किया।
  • जेफ्फ बेज़ोस एक अमेरिकन रिटेल आंत्रप्रेन्योर और इन्वेस्टर है।
  • ये दुनिया के सबसे आमिर व्यक्ति है।

अमेज़न की स्थापना जेफ्फ ने 1994 में की थी पर इससे पहले जेफ्फ “D E SHAW और कंपनी” में Financial Advisor  वित्तीय विश्लेषक का काम करते थे।

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जेफ्फ बेजोस बचपन से ही मेधावी छात्र रहे पर इनको शुरू से बड़ी समस्याओ सामना करना पड़ा। बचपन में पिता का छोड़कर चले जाना और एक ऐसे घर में पैदा होना जहाँ माँ नाबालिक हो , ये कोई साधारण  बात नहीं थी।

जेफ्फ बेजोस बचपन से ही चीजों के बारे में जानने के लिए बड़े उत्सुक रहते थे की कैसे कोई चीज बनती है और कैसे कोई चीज काम करती है।  इलेक्ट्रॉनिक फील्ड में इनकी गहरी रूचि थी।




बात कक्षा 4 की थी जब जेफ्फ के स्कूल में एक नया कंप्यूटर आया था तब वहां स्कूल के टीचर को भी कंप्यूटर चलाना नहीं आता था।

जेफ्फ तो बचपन से बड़े होशियार थे इसलिए उन्होंने अपने कुछ दोस्तों के साथ एक कंप्यूटर सीखने की एक किताब पढ़ डाली और फिर वे उस कंप्यूटर को आसानी से चलाने लगे।

धीरे धीरे उनका रुझान सॉफ्टवेयर डेवेलप करने की और जगा और यही कारण था की इन्होने अपना ग्रेजुएशन कंप्यूटर साइंस और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (प्रिंस्टन यूनिवर्सिटी ) से पूरा किया।

इसके बाद जेफ्फ ने कई बड़ी छोटी कंपनियों में काम किया जैसे DE SHAW जैसी एक इन्वेस्टमेंट फर्म में वित्तीय विश्लेषक का काम किया।
इसके बाद 1990 में Jeff Bezos को उसी इन्वेस्टमेंट फर्म में Youngest Vice President  बनाया गया और यही पर जेफ्फ “Mackenzie” से मिले जो बाद में उनकी पत्नी बनी।

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  • About AMAZON :

जेफ्फ बेज़ोस एक अच्छी खासी कंपनी DE SHAW में काम करते थे जहाँ 1990 में यंगेस्ट वाईस प्रेजिडेंट बने पर अपने खुद का बिज़नेस शुरू करने की ईक्षा लिए इन्होने काफी बोल्ड निर्णय लिया.

एक ऐसे बिज़नेस में अपना हाथ आजमाए जिसमे पहले किसी ने सोचा भी नहीं था और 4 साल बाद 1994 मे शुरुवात हुई अमेज़न डॉट कॉम की।

इसकी शुरुआत जेफ्फ ने अपने पिता के गेराज से की , उस मोटर गेराज को जेफ्फ ने एक लेबोरेटरी का रूप दे दिया।  अपने  कुछ फ्रेंड्स के साथ शुरू हुई ये कंपनी टेस्टिंग पे थी और धीरे धीरे विकसित  होने लगी।

शुरू में इस कंपनी Amazon.com का किताबे बेचना था Virtual Online Bookstore।

अपने प्रारंभिक दिनों में यूनाइटेड स्टेट्स अमेरिका के साथ साथ  45 दूसरे देशो में भी किताबे बेचना चालू कर दिया।  कंपनी दिन दोगुनी और रात चौगुनी विकास कर रही थी क्योकि कहते है न एक नए और यूनिक आईडिया को भी लोग तभी स्वीकारते है जब वह आईडिया उनकी किसी तरीके से मदद करे और अमेज़न एक ऐसा कांसेप्ट लाया था जहाँ व्यक्ति अपने घर बैठे किताबे मंगवा सकते थे।

धीरे धीरे कंपनी आगे बढ़ती गई और किताबो से शुरू हुआ ये बिज़नेस कपड़ो , इलेक्ट्रॉनिक आइटम्स , गैजेट्स , मोबाइल , फैशन और भी कई साड़ी चीजे बेचना चालू कर दिया।

3 महीने में ही इनकी बेचने की क्षमता 20000 US Dollar per week हो गया और जितना सोचा था उससे कई गुना ज्यादा कंपनी तेज़ी से आगे बड़ी।

जेफ्फ बेज़ोस कहते है की
“बिज़नेस में ये शब्द बड़ा महत्वपूर्ण है – क्यों
लेकिन उतना ही ज्यादा  शब्द भी महत्वपूर्ण है – क्यों नहीं  “

जेफ्फ ने भविष्य की सम्भावनाओ को पहचानते हुए एक ऐसा फेसला लिया जिसने आज करोडो लोगो के शॉपिंग करने के तरीके को बदल दिया। आज अपने मोबाइल में ही हम लाखो  की संख्या में प्रोडक्ट देखकर उसे पसंद कर सकते है और आर्डर कर सकते है।

आपको कही बहार जाने की जरुरत नहीं , घर बैठे आपका प्रोडक्ट आपके  हाथ में होगा। यह सचमुच एक रिटेल क्रांति है।
यही थी AMAZON FOUNDER – JEFF BEZOS  की सफलता की कहानी (Success Story in Hindi) .

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तो दोस्तो कैसी लगी ये पोस्ट  AMAZON CEO JEFF BEZOS | BIOGRAPHY IN HINDI |  SUCCESS STORY अगर पसंद आई हो तो हमें फॉलो कीजिए ताकि आप पढ़ सके ऐसी ही प्रेरणादायी कहानी वो भी हिंदी में


Note:- This Aticle is in Hindi Language. I tried my best to write this article and researched a lot but If you find any Grammatical mistake then please keep calm and keep support. Thank You